Forgot your password?

Enter the email address for your account and we'll send you a verification to reset your password.

Your email address
Your new password
Cancel
देशभर में जन्माष्टमी को लेकर एक अलग धूम देखने को मिल रही है। लोगों ने एक सप्ताह पहले से ही इस उत्सव की तैयारी करनी शुरू कर दी थी। जन्माष्टमी का त्योहार इस दिन भगवान श्री कृष्ण के पैदा होने की खुशी में मनाया जाता है। इस दिन पर लोग मंदिरों को सजाते है, 56 भोग बनाते और खूबसूरत झांकियां निकालने का आयोजन किया जाता है। इसी के साथ हर मोहल्ले और शहरों में लोग हडडी-हांडी फोड़ने की प्रतियोगित भी रखते हैं। हालांकि, कुछ सालों पीछे की बात करें तो पहले सिर्फ महाराष्ट्र और गुजरात में ही दही-हांडी का मुख्य आयोजन किया जाता था। लेकिन वक्त के साथ इसे पूरे देख में मनाया जाने लगा।
दही-हांडी का इतिहास
माता देवकी ने रोहिणी नक्षत्र में भगवान कृष्ण को जन्म दिया। लेकिन उस समय कंस ने देवकी और पति वासुदेव को कारागार में बंद किया हुआ था। उसे इस बात की आकाशवाणी पहले हो गई थी कि, देवकी और वासुदेव की आठवी संतान ही कंस की मौत का कारण बनेगी। इसीलिए कंस ने देवकी की सभी संतानों को एक-एक करके मौत के घाट उतार दिया। लेकिन आठवी संतान के रूप में कृष्ण ने देवकी की कोख ने जन्म लिया।
हालांकि, वासुदेव अपनी संतान को कंस के प्रकोप से बचाने के लिए किसी तरह सुरक्षित गोकुल यशोदा मां और नंद के घर के पहुंचा आए। इसके बाद यहीं पर ही कृष्ण की लीलाएं शुरु हुईं। कान्हा को बचपन से दही और मक्खन बेहद पसंद था, जिसे खाने के लिए वह नई-नई शरारते करते रहते थे। इसी के अक्सर वह गोपियों की मटकी से भी माखन चुराकर खाया करते थे। उनकी शरारतों से परेशान होकर गोपियां यशोदा मय्या के पास उनकी शिकायत करतीं।
इसका यशोदा माता उन्हें बहुत समझाती, लेकिन कन्हैया कहां अपनी नटखट हरकतों से बाज आने वाले थे। उनसे दही और माखन बचाने के लिए कई बार गोपियां अपनी मटकी को ऊंचाई पर टांग देती थीं। कान्हा बड़ी ही चतुराई से अपने दोस्तों के सहारे ऊपर चढ़ते और दही माखन चुरा लेते। कई बार तो जल्दबाजी में उनसे मटकियां भी फूट जाया करती थीं। श्री कृष्ण की इन्हीं नटखट को लीलाओं को याद करते हुए आज भी जन्माष्टमी के मौके पर दही-हांडी फोड़ी जाती है।
ऐसी रोचक और अनोखी न्यूज़ स्टोरीज़ के लिए गूगल स्टोर से डाउनलोड करें Lopscoop एप, वो भी फ़्री में और कमाएं ढेरों कैश वो भी आसानी से
YOUR REACTION
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0
  • 0

Add you Response

  • Please add your comment.